गणपतिस्तवः पाठभेद | Ganapati Stavaha: श्री गणेश की स्तुति का प्राचीन पाठ

गणपतिस्तवः पाठभेद | Ganapati Stavaha ऋषिरुवाच ॥ अजं निर्विकल्पं निराकारमेकं निरानन्दमानन्दमद्वैतपूर्णम् ।                                                                                        परं निर्गुणं निर्विशेषं निरीहं परब्रह्मरूपं गणेशं भजेम ॥ १॥ गुणातीतमानं चिदानन्दरूपं चिदाभासकं सर्वगं ज्ञानगम्यम् ।                                                                    मुनिध्येयमाकाशरूपं परेशं परब्रह्मरूपं गणेशं भजेम ॥ २॥ जगत्कारणं कारणज्ञानरूपं सुरादिं सुखादिं गुणेशं गणेशम् ।                                                                                   जगद्व्यापिनं विश्ववन्द्यं सुरेशं परब्रह्मरूपं गणेशं भजेम ॥ ३॥ रजोयोगतो ब्रह्मरूपं […]

Continue Reading

वाल्मीकि द्वारा श्रीगणेश का स्तवन | Valmiki Dwara Shree Ganesh Ka Stavan: गणपति की स्तुति का पवित्र मंत्र

वाल्मीकि द्वारा श्रीगणेश का स्तवन | Valmiki Dwara Shree Ganesh Ka Stavan आदिकवि वाल्मीकि द्वारा श्रीगणेश का स्तवन चतु:षष्टिकोटयाख्यविद्याप्रदं त्वां सुराचार्यविद्याप्रदानापदानम्।  कठाभीष्टविद्यार्पकं दन्तयुग्मं कविं बुद्धिनाथं कवीनां नमामि॥ गणेश्वर! आप चौंसठ कोटि विद्याओं के दाता तथा देवताओं के आचार्य बृहस्पति को भी विद्या-प्रदान का कार्य पूर्ण करनेवाले हैं। कठ को अभीष्ट विद्या देनेवाले भी आप ही […]

Continue Reading

श्री गणेश कवचम् | Sri Ganesha Kavacham: जीवन की रक्षा और समृद्धि का दिव्य कवच मंत्र

श्री गणेश कवचम् | Sri Ganesha Kavacham ध्यायेत् सिंहगतं विनायकममुं दिग्बाहुमाद्ये युगे, त्रेतायां तु मयूरवाहनममुं षड्बाहुकं सिद्धिदम्। द्वापरे तु गजाननं युगभुजं रक्ताङ्गरागं विभुं, तुर्ये तु द्विभुजं सितांगरुचिरं सर्वार्थदं सर्वदा ॥१॥ विनायकः शिखां पातु परमात्मा परात्परः। अतिसुन्दरकायस्तु मस्तकं महोत्कटः॥२॥ ललाटं कश्यपः पातु भ्रूयुगं तु महोदरः। नयने फालचन्द्रस्तु गजास्यस्त्वोष्ठपल्लवौ॥३॥ जिह्वां पातु गणक्रीडश्चिबुकं गिरिजासुतः। वाचं विनायकः पातु दन्तान् […]

Continue Reading

श्री गणेशाष्टकम् | Ganesha Ashtakam: श्री गणेश की स्तुति का दिव्य मंत्र

श्री गणेशाष्टकम् | Ganesha Ashtakam सर्वे उचुः – यतोऽनन्तशक्तेरनन्ताश्च लोका यतो निर्गुणादप्रमेया गुणास्ते ।                                                                                   यतो भाति सर्वं त्रिधा भेदभिन्नं सदा तं गणेशं नमामो भजामः ॥ १ ॥ यतश्चाविरासीज्जगत्सर्वमेत-त्तथाऽब्जासनो विश्वगो विश्वगोप्ता ।     देवसङ्घा मनुष्याः सदा तं गणेशं नमामो भजामः ॥ २ ॥ यतो वह्निभानू भवो भूर्जलं च यतः सागराश्चन्द्रमा व्योम वायुः । […]

Continue Reading

हम वो आखिरी पीढ़ी हैं

मेरा हमेशा से यह मानना रहा है कि दुनिया में ‌जितना बदलाव हमारी पीढ़ी ने देखा है वह ना तो हमसे पहले किसी पीढ़ी ने देखा है और ना ही हमारे बाद किसी पीढ़ी के देखने की संभावना लगती है हम वह आखिरी पीढ़ी हैं जिसने बैलगाड़ी से लेकर सुपर सोनिक जेट देखें हैं.बैरंग ख़त […]

Continue Reading

श्री गणेश मंगलाष्टक | Shree Ganesh Mangalashtakam

श्री गणेश मंगलाष्टक | Shree Ganesh Mangalashtakam – शुभ मंगल की प्रार्थना गजाननाय गांगेय सहजाय सर्दात्मने! गौरी प्रियतनूजाय गणेषयास्तु मंगलम!!१!! नागयज्ञोपवीताय नतविध्न विनाशिने! नन्द्यादिगणनाथाय नायाकायास्तु मंगलम!!२!! इभवक्त्राय चंद्रादिवन्दिताय चिदात्मने! ईशान प्रेमपात्राय चेष्टादायास्तु मंगलम!!३!! सुमुखाय सुशुन्डाग्रोक्षिप्तामृत घटाय च! सुखरींदनिवे व्यय सुखदायास्तु मंगलम!!४!! चतुर्भुजाय चन्द्राय विलसन्मस्तकाय च! चरणावनतानन्ततारणायास्तु मंगलम!!५!! वक्रतुण्डाय वटवे वन्धाय वरदाय च! विरूपाक्षसुतायास्तु विघ्ननाशाय मंगलम!!६!! […]

Continue Reading

श्री गणेश द्वादश नाम स्तोत्र |Ganesh Dwadash Naam Stotram

श्री गणेश द्वादश नाम स्तोत्र | Ganesh Dwadash Naam Stotram – 12 पवित्र नामों का महत्त्व ॥ॐतत्सवितुर्वरेण्यं॥ ॥ॐश्रीगुरवेनमः॥                                                                                                              सुमुखश्चैकदन्तश्च कपिलो गजकर्णकः। लम्बोदरश्च विकटो विघ्ननाशो विनायकः॥ धूम्रकेतुर्गणाध्यक्षो भालचन्द्रो गजाननः। द्वादशैतानि नामानि यः पठेच्छृणुयादपि॥ विद्यारम्भे विवाहे च प्रवेशे निर्गमे तथा। संग्रामे संकटे चैव विघ्नस्तस्य न जायते॥ भावार्थ​:- १.सुमुख २.एकदन्त ३.कपिल ४.गजकर्ण ५.लम्बोदर ६.विकट ७.विघ्ननाश ८.विनायक ९.धूम्रकेतु १०.गणाध्यक्ष […]

Continue Reading

हनुमान जी को खुश करने का मंत्र: आपके जीवन में ऊर्जा और शक्ति के लिए

हनुमान जी का महत्व हनुमान जी, जिन्हें बजरंगबली या पवनपुत्र के नाम से भी जाना जाता है, भारतीय संस्कृति में एक अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान रखते हैं। उन्हें शक्ति, साहस और भक्ति के अवतार के रूप में पूजा जाता है। भक्त अक्सर उनकी कृपा प्राप्त करने के लिए विभिन्न मंत्रों का जाप करते हैं। हनुमान जी […]

Continue Reading

भगवान शिव के 108 नाम | 108 Names of Lord Shiva

1 ॐ भोलेनाथ नमः  2 ॐ विश्वनाथ नमः  3 ॐ नागार्जुन नमः 4 ॐ जगपालनकर्ता नमः 5 ॐ कैलाश पति नमः 6 ॐअनादिदेव नमः 7 ॐजटाधारी नमः 8 ॐपशुपति नमः 9 ॐ भूतनाथ नमः 10 ॐ उमापति नमः 11 ॐनीलेश्वर नमः 12 ॐ संगमेश्वर नमः 13 ॐ नंदराज नमः 14 ॐ गोरापति नमः 15 ॐ […]

Continue Reading

दशहरा क्यों मनाया जाता है,यहां जानिए इसके पीछे की वजह?

दशहरा क्यों मनाया जाता है: इसके पीछे की वजह और ऐतिहासिक महत्व दशहरा या विजयादशमी भारतीय संस्कृति का एक महत्वपूर्ण त्योहार है, जो हर साल दशमी तिथि को मनाया जाता है। यह पर्व बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। विशेषकर, यह पर्व रामायण की कथा से जुड़ा है, […]

Continue Reading